भारत आज अपना 74वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। देश में हर कोई देश भक्ति में लीन है। चारों तरफ राष्ट्रीय ध्वज फहराया जा रहा है। 26 जनवरी हर भारतीय के लिए अहम होता है। इसलिए इस दिन को बड़ी धूमधाम से मनाया जाता है। स्कूल-कॉलेज में एक दिन पहले यानी 24 जनवरी को कार्यक्रम का आयोजन होता है।

बच्चे देश गीत पर डांस करते हैं। टीचर्स बच्चों के इस दिन के महत्व के बारे में बताते हैँ। आपको बता दें कि 26 जनवरी लोकतांत्रिक रूप से बहुत महत्व है आज के दिन भारत का संविधान लागू हुआ था। इसलिए देश इसे राष्ट्रीय त्यौहार के रूप में सेलिब्रेट करता है।

26 जनवरी, 1950 को देश का संविधान लागू हुआ था। इसके साथ ही भारत को पूर्ण गणराज्य घोषित किया गया था। इसलिए हर साल 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस मनाया जाता है। आपको बता दें कि साल 1947 में भारत को अंग्रेजों के शासन से आजादी मिली थी। इसके बाद देश को एक लोकतांत्रिक व्यवस्था से चलाने के लिए संविधान का निर्माण करना शुरू हुआ।

आपको बता दें कि भारत के संविधान तको बनने में 2 साल, 11 महीने और 18 दिन में बनकर तैयार हुआ। 26 नवंबर 1949 को देश की संविधान सभा ने इसे स्वीकार किया। उसके अगले दिन यानी 26 जनवरी 1950 को संविधान लागू किया गया। देश के संविधान निर्माण के लिए एक संविधान सभा का गठन किया गया जिसके अध्यक्ष डॉ. राजेंद्र प्रसाद थे और संविधान की ड्राफ्टिंग समिति के अध्यक्ष डॉ. भीमराव अंबेडकर थे।

आपको बता दें कि 9 दिसंबर, 1946 को संविधान के निर्माण का काम शुरू हुआ था। संविधान बनने में बाबा साहेब अंबेडकर की बहुत बड़ी भूमिका है, इसलिए उन्हें संविधान का निर्माता भी कहा जाता है।