व्हिप क्या है? वक्फ बिल को लेकर पार्टियां क्यों कर रहीं जारी? न मानने पर क्या होगा ?
व्हिप एक ऐसा आदेश है, जो किसी राजनीतिक पार्टी द्वारा अपने सांसदों और विधायकों को भेजा जाता है, ताकि वे किसी खास मुद्दे पर मतदान में भाग लें और पार्टी के निर्देशों के अनुसार वोट करें.

Whip meaning in Hindi: वक्फ संशोधन विधेयक पर संसद में बुधवार को होने वाली चर्चा को लेकर, भारतीय जनता पार्टी (BJP) और कांग्रेस समेत विभिन्न राजनीतिक दलों ने अपने सांसदों के लिए व्हिप जारी कर दिए हैं. यह विधेयक एक महत्वपूर्ण राजनीतिक मुद्दा बन चुका है और इसके पारित होने को लेकर दोनों प्रमुख दलों ने अपने सांसदों को कड़े निर्देश देने के लिए व्हिप का सहारा लिया है.
व्हिप क्या है?
व्हिप एक ऐसा आदेश है, जो किसी राजनीतिक पार्टी द्वारा अपने सांसदों और विधायकों को भेजा जाता है, ताकि वे किसी खास मुद्दे पर मतदान में भाग लें और पार्टी के निर्देशों के अनुसार वोट करें. व्हिप का पालन करना हर सांसद या विधायक के लिए अनिवार्य होता है. यदि कोई सांसद व्हिप का उल्लंघन करता है, तो उसके खिलाफ पार्टी की तरफ से कठोर कार्रवाई की जा सकती है, जिसमें उसकी संसद सदस्यता तक रद्द हो सकती है.
व्हिप को तीन श्रेणियों में बांटा जा सकता है:
वन लाइन व्हिप
यह आदेश केवल यह होता है कि सदस्य उस विशेष सत्र में मौजूद रहें.
टू लाइन व्हिप
इसमें यह निर्देश दिया जाता है कि सदस्य न सिर्फ मौजूद रहें, बल्कि पार्टी के निर्देशों के अनुसार वोट करें.
थ्री लाइन व्हिप
यह सबसे सख्त प्रकार का व्हिप होता है, जिसमें सदस्य को पार्टी के खिलाफ मतदान करने की सजा के रूप में अपनी सदस्यता खोने का खतरा हो सकता है.
वक्फ बिल पर व्हिप क्यों जारी किया जा रहा?
विपक्षी गठबंधन 'INDIA' ने वक्फ संशोधन विधेयक का खुलकर विरोध करने का निर्णय लिया है, जबकि भाजपा इसे पारित कराने के लिए अपनी पूरी ताकत झोंकने का प्रयास कर रही है. इस विवादास्पद विधेयक के संदर्भ में दोनों प्रमुख दलों ने अपने सांसदों को व्हिप जारी कर दिया है, ताकि वे अपनी पार्टी के निर्देशों के अनुसार मतदान करें.
व्हिप न मानने पर क्या परिणाम हो सकते हैं?
अगर कोई सांसद व्हिप का उल्लंघन करता है, तो पार्टी उस पर सख्त कार्रवाई कर सकती है. ऐसा मामला अक्सर दलबदल विरोधी कानून के तहत आता है, जो सांसद की सदस्यता को रद्द कर सकता है. हालांकि, अगर किसी पार्टी के एक तिहाई सांसद एक साथ व्हिप तोड़ते हैं, तो इसे पार्टी से अलग होने के रूप में माना जा सकता है, जिससे पार्टी के भीतर दरारें आ सकती हैं.
दुनिया भर में व्हिप के नियम
भारत में व्हिप की परंपरा ब्रिटेन की संसदीय प्रणाली से आई है. भारत के अलावा, ऑस्ट्रेलिया, कनाडा, और आयरलैंड जैसे देशों में भी इस परंपरा का पालन किया जाता है. ब्रिटेन में व्हिप एक सख्त संसदीय अनुशासन का हिस्सा माना जाता है, जबकि कनाडा में यह आदेश लिखित रूप में दिया जाता है.
इस प्रकार, व्हिप पार्टी अनुशासन बनाए रखने के लिए एक महत्वपूर्ण उपकरण होता है, जो संसद या विधानसभाओं में वोटिंग के दौरान पार्टी के रुख को सुनिश्चित करता है.