फिलिस्तीन के बाद लेबनान पर क्यों हमलावर हो रहा इजरायल? भारत ने जारी की Helpline

इजरायल के लिए मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं. पिछले लगभग एक वर्ष से फिलिस्तीन के साथ जंग लड़ रहा है और जिस टार्गेट पर इजरायल पहुंचना चाहता है अभी तक नहीं पहुंच पाया है. इसलिए अभी भी फिलिस्तीन में उसकी सैन्य कार्रवाईयां जारी हैं. लेकिन इस बीच लेबनान भी उसके लिए मुसीबत बनकर खड़ा हो गया. इस खबर में हम आपको बताएंगे कि आखिर क्यों इजरायल और लेबनान क्यों लड़ रहे हैं.

JBT Desk
JBT Desk

इजरायल और हमास के बीच अभी जंग जारी है और हर दिन लोगों के मरने की खबरें आ रही हैं. इजरायल गाजा, रफा और खान यूनिस शहरों को तबाह कर दिया है. अब खबर आ रही है कि इजरायल एक और देश पर हमला करने जा रहा है. कुछ खबरों में दावा किया गया है कि इजरायल ने लेबनान की सरहदों पर अपने फौजी तैनात कर दिए हैं. अब आप सोच रहे होंगे कि आखिर फिलिस्तीन के बाद अब इजरायल एक और देश पर क्यों धावा बोलने जा रहा है? तो चलिए जानते हैं.

गुरुवार को दक्षिणी लेबनान पर इज़रायली हमलों में हिज़्बुल्लाह के दो सदस्य मारे गए, हालांकि बाद में हिज़्बुल्लाह ने उत्तरी इज़रायल को निशाना बनाकर मिसाइल हमले से जवाबी कार्रवाई की. अल-अरबिया के संवाददाता ने कहा कि पश्चिमी लेबनान के अल-बका शहर के सहमार इलाके में एक मोटरसाइकिल को निशाना बनाया गया. इस हमले में एक व्यक्ति की मौत हो गई. रिपोर्टर ने कहा कि लेबनान में सहमार हमले में मरने वाला हिजबुल्लाह कार्यकर्ता अली अहमद अलाउद्दीन था और उसने यह भी पुष्टि की कि उसका एक सदस्य मारा गया है.

एक अलग हमले में इजरायली फौज ने गुरुवार को दक्षिणी लेबनानी शहर हदादा को निशाना बनाकर हवाई हमला किया इसमें हिजबुल्लाह का एक और सदस्य मारा गया. इस बीच, हिजबुल्लाह ने ऊपरी अल-जलील के इजरायली इलाके की ओर दर्जनों रॉकेट दागे. जिसके बाद इजरायल सतर्क हो गया और सायरन भी बजने लगे. 

5 Km का इलाका प्रभावित:

"फाइनेंशियल टाइम्स" के मुताबिक पहले मीडिया रिपोर्ट्स में यह बताया गया था कि लेबनानी "हिजबुल्लाह" ठिकानों पर लगभग हर रोज इजरायली बमबारी करके सफेद फास्फोरस के गोले का इस्तेमाल किया जा रहा है. जबकि फॉस्फोरस का इस्तेमाल अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिबंधित है. लेबनान से लगी इज़रायली सरहद पर 5 किमी चौड़ा क्षेत्र रहने लायक नहीं रह गया है. ब्रिटिश अखबार के मुताबिक असल तबाही  इज़राइल और लेबनान के बीच संयुक्त राष्ट्र की तरफ तय "ब्लू लाइन" के उत्तर में 5 किलोमीटर चौड़े क्षेत्र में हुआ.

3000 से ज्यादा घर तबाह:

फाइनेंशियल टाइम्स के मुताबिक इजरायली हमलों ने न सिर्फ हिजबुल्लाह के सैन्य प्रतिष्ठानों को बल्कि नागरिक बुनियादी ढांचे को भी गंभीर नुकसान पहुंचाया है. आवासीय इमारतें और खेती वाली जमीन भी तबाह हो गई है. इससे पता चलता है कि इजराइल लेबनान में बफर जोन बनाना चाहता है. उधर, साउथ लेबनान काउंसिल के प्रमुख हाशेम हैदर ने तस्दीक की है कि इजरायली बमबारी से देश के दक्षिण में 3000 से ज्यादा घर पूरी तरह से ताह हो गए हैं.

भारतीय दूतावास ने जारी की Helpline:

इजरायल और लेबनान के बीच बिगड़ते हालात को देखकर भारत और अमेरिका समेत कई देशों ने अपने नागरिकों से वहां ना जाने की अपील की है. साथ ही हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया है. भारतीय दूतावास ने कहा,"मौजूदा हाला को देखते हुए लेबनान में सभी भारतीय शहरियों को सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है. बेरूत में भारतीय दूतावास के साथ इमेल पता [email protected] या इमरजेंसी हेल्पलाइन नंबर +961-76860128 के माध्यम से संपर्क में बने रहें."

लेबनान पर क्यों हमला करना चाहता है इजरायल?

बता दें कि लेबनान में मौजूद में आतंकी संगठन हिजबुल्लाह ईरान का समर्थन कर रहा है. जब से ईरान पर इजरायल का हमला हुआ था उसके बाद से एक्टिव है और आए दिन इजरायल पर हमला करता रहता है. जिसके बाद इजरायल एक साथ दो मोर्चों पर घिर गया है. जिसके बाद इजरायल ने अब लेबनान से भी जंग करने का मन बना लिया है. इजरायल के इस फैसले के बाद से ही दुनिया भर के नेता सतर्क हो गए हैं. कई नेताओं ने बेंजामिन नेतन्याहू को चेताया है कि वह इससे बचें क्योंकि उसकी तरफ से लिए जा रहे फैसले बड़ा स्वरूप लेते जा रहे हैं.

calender
28 June 2024, 11:49 AM IST

जरूरी खबरें

ट्रेंडिंग गैलरी

ट्रेंडिंग वीडियो