अहमदाबाद: मंगलवार को दिल्ली के मुख्यमंत्री और आप संयोजक अरविंद केजरीवाल गुजरात दौरे पर थे। अरविंद केजरीवाल ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि गुजरात के सरकारी कर्मचारी कई दिनों से विरोध कर रहे हैं। वे मांग करते हैं कि पुरानी पेंशन योजना को लागू किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि अगर भारतीय जनता पार्टी सरकार ओपीएस लागू करती है तो ठीक है और अगर नहीं, तो दो महीने बाद उनकी पार्टी इसे लागू करेगी, जब मौजूदा सरकार बदल जाएगी।

अरविंद केजरीवाल ने कहा कि राज्य सरकार के कर्मचारी किसी सरकार को चुनने या हटाने में बड़ी भूमिका निभाते हैं। उन्होंने लोगों से आप को बढ़ावा देने और पिछले 27 सालों से गुजरात में सत्तारूढ़ बीजेपी सरकार को हटाने के लिए काम करने का आह्वान किया। साथ ही अरविंद केजरीवाल ने साफ किया कि अगर राज्य में आम आदमी पार्टी की सरकार बनाती है तो गुजरात में शराब नीति वही रहेगी। कांग्रेस और बीजेपी पर निशाना साधते हुए केजरीवाल ने कहा कि दोनों दल गुजरात के लोगों के लिए अच्छी सुविधाएं नहीं चाहते हैं।

शिक्षा व्यवस्था पर बात करते हुए केजरीवाल ने कहा कि मैं कहता हूँ कि देश और गुजरात के बच्चों को अच्छी शिक्षा मिलनी चाहिए तो दोनों पार्टियां मिलकर मुझे गालियां देती हैं। ये चाहते हैं कि आपके बच्चे अनपढ़ रहें। ताकि इनका वोट बैंक बना रहे। मुझे वोटबैंक नहीं चाहिए, मुझे शिक्षित-समृद्ध भारत चाहिए। ये शर्म की बात है कि आज हमारे देश के बच्चे मेडिकल की पढ़ाई के लिए यूक्रेन जाते हैं। कभी भारत के नालंदा विश्वविद्यालय में दूसरे देशों के बच्चे पढ़ने आते थे। हमें फ़िर से ऐसा माहौल तैयार करना है जहां दूसरे देशों के बच्चे यहां पढ़ने आये।