देश की राजधानी दिल्ली में बीते तीन दिनों से भारत के जानेमाने पहलवान लगातार तीन दिनों से दिल्ली के जंतर- मंतर पर भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) के खिलाफ लगातार प्रदर्शन कर रहे है। बजरंग पूनिया, विनेश फोगाट, आसू मलिक, साक्षी मलिक, सत्यव्रत कादियान, अंतिम पंघाल, रवि दहिया, दीपक पूनिया, संगीता फोगाट, सरिता मोर, सोनम मालिक, महावीर फोगाट, कुलदीप मालिक समेत देश के करीब 30 बड़े पहलवानो ने कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष पर यौन शोषण समेत कई आरोप लगाए है।

इनमें वह भी खिलाड़ी है जो उत्तर प्रदेश गोड़ा के नंदिनी नगर स्थित कुश्ती स्टेशियम में नेशनल चैंपियनशिप खेलने गए है। हरियाणा और हिमाचल प्रदेश के कई खिलाड़ी बिना मैच खेले ही वापस लौट रहे है। इन खिलाड़ियों का कहना है कि हमा स्वेच्छा से मैच नहीं खेल रहै है। दिल्ली के जंतर- मतर पर बैठे भाई बहनों के समर्थन में बिना खेले वापस जा रहे है। हम पहले जंतर मंतर मंतर पर जाएंगे औऱ फिर घर चले जाएंगे।

रेसलर बजरंग पूनिया ने कहा कि हमने अपनी मांगें सरकार के सामने रख दी हैं और उन्होंने आश्वासन दिया है कि सारी मांगें पूरी हो जाएंगी। हमारी लड़ाई किसी राजनीतिक पार्टी से नहीं बल्कि हमारी लड़ाई संघ से है। हमें नहीं लगता कि इस मामले में इतना समय लगना चाहिए।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने हमेशा खिलाड़ियों का मान, सम्मान और साथ दिया है। हम प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और खेल मंत्री से निवेदन करेंगे कि इस मामले में जल्द से जल्द हमारी मांगों को सुना जाए। WFI के अध्यक्ष ने इसमें राजनीतिक, जाति आदि मोड़ दिया है। प्रदर्शन में सारे खिलाडी हैं।

इसके अलावां उन्होंने कहा कि हम क़ानून का सहारा लेकर चलेंगे। अध्यक्ष  ने कहा है कि उनके ख़िलाफ़ एक भी सबूत होगा तो वह फांसी लगा लेंगे, उम्मीद करते हैं कि यह भी बहुत जल्द होगा...हम बृजभूषण शरण सिंह के सामने आने का इंतजार कर रहे हैं लेकिन वह भाग रहे हैं। हम सब लोग अपना करियर दांव पर लगाकर आए हैं।

मीडिया रिपोर्ट्स की माने तो विनेश फोगाट, बजरंग पूनिया, साक्षी मलिक, रवि दहिया और दीपक पूनिया जैसे पहलवानों ने चिठ्ठी संयुक्त तौर पर चिट्ठी लिखी है और इसमें उन्होने बृजभूषण शरण की शिकायत के साथ ही अपनी 4 मांगो को IOAकी अध्यक्ष सामने रखा है। इनमे पहलवानों की पहली मांग है कि IOA की तरफ से यौन शोषण की शिकायत की जांच के लिए फौरन एक कमेटी का गठन किया जाए। दूसरी मांग है WFIअध्यक्ष बृजभूषण शरण तुरंत इस्तीफा दें, तीसरी मांग है कि भारतीय कुश्ती महासंघ भंग हो और चौथी मांग में WFI के लिए नई कमेटी बनाने की अपील की गई है।